मां खिन्न देवी धाम में गूंजा जय श्रीराम का जयघोष, धनुष यज्ञ में राम ने भंग किया शिवधनुष
लगभग तीन दशकों से चली आ रही परंपरा के तहत हुआ भव्य आयोजन, सीता स्वयंवर और लक्ष्मण-परशुराम संवाद की लीला ने मोहा मन
पुरवा, उन्नाव। क्षेत्र के ग्राम मुरैता प्राचीन स्थित मां खिन्न देवी धाम परिसर में जय मां खिन्न देवी मेला समिति की ओर से लगभग तीन दशकों से चली आ रही परंपरा के तहत गुरुवार को विशाल धनुष यज्ञ का भव्य आयोजन किया गया। धार्मिक उत्साह और श्रद्धा के बीच आयोजित लीला में सीता स्वयंवर, शिवधनुष भंग तथा लक्ष्मण-परशुराम संवाद का सजीव मंचन किया गया। देर रात तक चले कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु और क्षेत्रीय ग्रामीण मौजूद रहे।
धनुष यज्ञ के दौरान मिथिला नरेश राजा जनक द्वारा आयोजित सीता स्वयंवर का मनमोहक दृश्य प्रस्तुत किया गया। स्वयंवर में देश-विदेश से आए राजा-महाराजा भगवान शिव के विशाल धनुष को उठाने और उसकी प्रत्यंचा चढ़ाने का प्रयास करते हैं, लेकिन कोई भी धनुष को हिला तक नहीं पाता। राजाओं को असफल होते देख राजा जनक व्यथित हो उठते हैं और अपने प्रण के अधूरे रह जाने की आशंका में करुण विलाप करने लगते हैं।
राजा जनक की व्याकुलता देखकर गुरु विश्वामित्र भगवान श्रीराम को शिवधनुष भंग करने की आज्ञा देते हैं। गुरु की आज्ञा पाकर श्रीराम सहज भाव से धनुष उठाते हैं और प्रत्यंचा चढ़ाते ही धनुष खंडित हो जाता है। धनुष टूटते ही पूरा पांडाल तालियों की गड़गड़ाहट और जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठता है। इस दृश्य ने उपस्थित दर्शकों को भावविभोर कर दिया।
इसके बाद लक्ष्मण और भगवान परशुराम के बीच हुए तीखे संवाद का प्रभावशाली मंचन किया गया। दोनों पात्रों के बीच रौद्र संवाद और ओजपूर्ण अभिनय ने दर्शकों को अंत तक बांधे रखा। शुक्रवार सुबह तक चले इस प्रसंग के दौरान पांडाल दर्शकों की तालियों से गूंजता रहा।
कलाकारों ने निभाईं शानदार भूमिकाएं
लीला में भगवान श्रीराम की भूमिका अवनीश पांडेय, लक्ष्मण की भूमिका प्रदीप पांडेय, परशुराम की भूमिका त्रिभुवन त्रिवेदी, राजा जनक की भूमिका प्रद्युम्न तिवारी ‘लाले’, रावण की भूमिका पवन त्रिवेदी तथा बाणासुर की भूमिका अभिषेक त्रिपाठी ने निभाई। कलाकारों ने अपने सजीव अभिनय से धार्मिक प्रसंगों को मंच पर जीवंत कर दिया।
कार्यक्रम में जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष अरुण सिंह, समाजसेवी रानू त्रिवेदी, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि दीपांशु चौधरी सहित बड़ी संख्या में क्षेत्रीय गणमान्य नागरिक, श्रद्धालु और ग्रामवासी उपस्थित रहे।
संवाददाता: जनक कुमार सिंह | पुरवा, उन्नाव


